Bhopal Breaking news Latest News MP Polictics

सड़कों पर ‘यमदूत’ बने बेसहारा पशु, भोपाल में तीन गुना बढ़ीं मौतें, सतना-रायसेन सबसे ज्यादा प्रभावित

एग्रसर इंडिया (AgrasarIndia) भोपाल डेस्क टीम

मध्य प्रदेश की सड़कों पर बेसहारा मवेशी बने जानलेवा: इस साल 8 महीनों में ही सड़क हादसों में 437 लोगों की मौत, भोपाल में भी बढ़ी चिंता

भोपाल: मध्य प्रदेश की सड़कों पर घूमते बेसहारा मवेशी अब केवल यातायात में बाधा ही नहीं, बल्कि आम नागरिकों के लिए जानलेवा साबित हो रहे हैं। राज्य में लगातार बढ़ते सड़क हादसों के आंकड़े डराने वाले हैं। इस वर्ष जनवरी से अगस्त तक महज आठ महीनों के भीतर मवेशियों के कारण हुए सड़क हादसों में 437 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 614 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि घायलों का यह आठ महीने का आंकड़ा वर्ष 2025 के कुल 520 घायलों के आंकड़े से 18.1 प्रतिशत अधिक है।

मुख्य बिंदु (Highlights)

  • आठ महीनों में 437 मौतें और 614 घायल: प्रदेश में सड़कों से गोवंश और बेसहारा मवेशियों को हटाने के लिए लंबे समय से अभियान, समितियां और गोशालाओं तक पहुंचाने की कवायद चल रही है, लेकिन इसके बावजूद हादसों में लगातार इजाफा हो रहा है। वर्ष 2025 में इन हादसों में 719 लोगों ने जान गंवाई थी, जबकि 2026 के अभी तीन महीने शेष रहते ही मौतों का आंकड़ा 437 तक पहुंच गया है।

  • राजधानी भोपाल में चिंताजनक स्थिति: भोपाल शहर में स्थिति लगातार बदतर होती जा रही है। वर्ष 2025 में मवेशियों की वजह से हुए हादसों में 12 मौतें और 4 लोग घायल हुए थे, जबकि इस साल अगस्त तक ही मौतों का आंकड़ा बढ़कर 36 हो गया है और 19 लोग घायल हुए हैं। (इसके विपरीत, इंदौर में पिछले साल के मुकाबले इस साल स्थिति में कुछ सुधार देखा गया है, जहां अगस्त तक 3 मौतें और 14 घायल दर्ज हुए हैं)।

  • सतना और रायसेन में सबसे ज्यादा मौतें: जिलावार आंकड़ों के अनुसार, इस साल अगस्त तक सतना जिले में सबसे अधिक 57 और रायसेन में 46 मौतें दर्ज की गई हैं।

  • रात के समय और हाईवे पर बढ़ता खतरा: खराब दृश्यता वाले मार्गों और नेशनल/स्टेट हाईवे पर यह खतरा और भी विकराल रूप ले लेता है। रात के वक्त सड़कों पर बैठे या अचानक सामने आने वाले मवेशी समय पर दिखाई नहीं देते, जिसके कारण वाहन चालक या तो सीधे उनसे टकरा जाते हैं या फिर बचाने के चक्कर में गाड़ी से नियंत्रण खो बैठते हैं।

Please follow and like us:
Pin Share

Leave a Reply