एग्रसर इंडिया (AgrasarIndia) भोपाल डेस्क टीम
कृषि उपज मंडियों की व्यवस्था पर कांग्रेस का हमला: जीतू पटवारी ने सीएम मोहन यादव को पत्र लिखकर 3 करोड़ से अधिक आय वाली 110 मंडियों में बुनियादी सुविधाएं देने की उठाई मांग
भोपाल: मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने प्रदेश की कृषि उपज मंडियों में किसानों को मिलने वाली मूलभूत सुविधाओं की बदहाली को लेकर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने इस संबंध में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को एक पत्र लिखकर राज्य की बड़ी मंडियों में किसानों के लिए बुनियादी व्यवस्थाओं को जल्द से जल्द दुरुस्त करने की मांग की है।
मुख्य बिंदु (Highlights)
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अधिक आय वाली मंडियों में सुविधाओं का अभाव: कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष का दावा है कि प्रदेश में 3 करोड़ रुपये से अधिक वार्षिक आय वाली 110 मंडियां हैं, लेकिन इनमें से कई मंडियों में आज भी पीने का पानी, छाया, शौचालय, सड़क, बैठने की जगह और उपज के सुरक्षित भंडारण जैसी बुनियादी सुविधाएं नदारद हैं।
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विभिन्न जिलों के उदाहरण: पत्र में राघौगढ़ मंडी का हवाला देते हुए बताया गया है कि वहां किसानों के लिए स्वच्छ पेयजल और कैंटीन तक नहीं है। इसी तरह सीधी की नई सब्जी मंडी में सड़क, शौचालय और गोदाम जैसी सुविधाएं अधूरी हैं, जबकि सबलगढ़ मंडी में भी पानी, छाया और शौचालय का अभाव है।
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मंडीवार ऑडिट की मांग: जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि प्रदेश की सभी मंडियों की आय, व्यय और उपलब्ध सुविधाओं का मंडीवार सार्वजनिक ऑडिट कराया जाए ताकि यह स्पष्ट हो सके कि मंडी शुल्क से मिलने वाली राशि का उपयोग किस मद में हो रहा है।
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सुधार योजना की घोषणा: उन्होंने मांग की है कि 3 करोड़ से अधिक आय वाली सभी 110 मंडियों के लिए एक समयबद्ध मूलभूत सुविधा सुधार योजना घोषित की जाए ताकि किसानों को अपनी उपज बेचने के दौरान किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।




