Mohan Yadav की निगरानी में हाईकोर्ट आदेश के बाद चौरई मंडी के 64 किसानों को 96.51 लाख रुपये का बकाया भुगतान कराया गया। …और पढ़ें
HighLights
- चौरई मंडी के 64 किसानों को बकाया राशि मिली।
- हाईकोर्ट ने 96.51 लाख भुगतान का आदेश दिया।
- ज्ञाताश्री ट्रेडर्स ने किसानों का भुगतान रोका था।
भोपाल। छिंदवाड़ा जिले की कृषि उपज मंडी समिति चौरई में ज्ञाताश्री ट्रेडर्स ने 64 किसानों से खरीदी उपज का भुगतान नहीं किया था। मंडी की अपील पर उच्च न्यायालय जबलपुर ने किसानों को उनके द्वारा विक्रय की गई उपज की राशि 96 लाख 51 हजार 500 रुपये के भुगतान करने के आदेश दिए हैं।
इस मामले की निगरानी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खुद की। आदेश आने के बाद उन्होंने कहा कि प्रदेश में किसान के साथ अन्याय किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हाईकोर्ट के आदेश पर न्यायालय तहसीलदार चौरई द्वारा फर्म से वसूली के लिए आरआरसी जारी कर 96,51,500 रुपये की वसूली की। राशि मंडी समिति के खाते में जमा कराई गई।
मंडी बोर्ड के प्रबंध संचालक कुमार पुरुषोत्तम ने कार्रवाई करते हुए सिविल कोर्ट/जिला कोर्ट से अनुमति नहीं मिलने पर मंडी समिति की ओर से उच्च न्यायालय जबलपुर में याचिका दायर कराई थी। 30 अप्रैल 2026 को किसान हित में न्यायालय ने निर्णय पारित कर भुगतान की स्वीकृति दी गई।
समय पर हो किसानों का भुगतान
मुख्यमंत्री ने मंडी बोर्ड के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रदेश की सभी मंडी समितियां यह सुनिश्चित करें कि किसी भी स्थिति में किसानों के भुगतान में लापरवाही न हो। खरीदी गई कृषि उपज का भुगतान समय-सीमा में कराया जाए।




