भोपाल में एसी इलेक्ट्रिक बसों का कमर्शियल संचालन 1 अगस्त से शुरू होने की संभावना है। ऑनलाइन टिकटिंग टेस्टिंग जारी है। यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं पुर…और पढ़ें
HighLights
- 1 अगस्त से एसी इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू हो सकता।
- ऑनलाइन टिकटिंग सॉफ्टवेयर की टेस्टिंग अभी जारी है।
- पहले चरण में 10 ई-बसें दो रूटों पर चलेंगी।
डिजिटल डेस्क। राजधानी भोपाल में एयर कंडीशंड इलेक्ट्रिक बसों का इंतजार कर रहे यात्रियों को अभी कुछ दिन और धैर्य रखना होगा। शहर की सड़कों पर 20 जुलाई से ई-बसों का ट्रायल रन जारी है, लेकिन ऑनलाइन टिकटिंग सिस्टम की टेस्टिंग पूरी नहीं होने के कारण अभी यात्रियों को इन बसों में सफर की अनुमति नहीं दी गई है।
भोपाल सिटी लिंक लिमिटेड (BCLL) का कहना है कि सभी तकनीकी परीक्षण पूरे होने के बाद 1 अगस्त से बसों का कमर्शियल संचालन शुरू करने की तैयारी है। हालांकि, औपचारिक लोकार्पण 15 अगस्त को प्रस्तावित है।
टिकटिंग सिस्टम की टेस्टिंग बनी देरी की वजह
बीसीएलएल अधिकारियों के मुताबिक ई-बसों में लागू किए जा रहे ऑनलाइन टिकटिंग सॉफ्टवेयर की अंतिम जांच जारी है। इस प्रक्रिया में करीब दो दिन और लग सकते हैं। तकनीकी परीक्षण सफल होने के बाद बसों को यात्रियों के लिए शुरू कर दिया जाएगा। संभावना है कि 1 अगस्त से पहले भी संचालन शुरू किया जा सकता है, लेकिन अंतिम फैसला टेस्टिंग पूरी होने के बाद लिया जाएगा।
पहले चरण में 100 ई-बसें, शुरुआत 10 बसों से
प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत भोपाल को पहले चरण में 100 इलेक्ट्रिक बसें स्वीकृत हुई हैं। इनमें से 21 बसें बेरागढ़ डिपो पहुंच चुकी हैं। शुरुआत में 10 बसों का संचालन चिरायु अस्पताल–बोर्ड ऑफिस मेट्रो स्टेशन–बेरागढ़ चिच्चली और चिरायु अस्पताल–बोर्ड ऑफिस मेट्रो स्टेशन–रेलवे कोच फैक्ट्री रूट पर किया जाएगा। यात्रियों से वही किराया लिया जाएगा, जो वर्ष 2022 में लो-फ्लोर बसों के लिए तय किया गया था।
एसी सफर, लेकिन किराया रहेगा पुराना
नई इलेक्ट्रिक बसों में यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी। इनमें एयर कंडीशनिंग, डिजिटल टिकटिंग, जीपीएस आधारित ट्रैकिंग, सीसीटीवी कैमरे, एआई आधारित पैसेंजर काउंटिंग सिस्टम, व्हीलचेयर लिफ्ट, इमरजेंसी बटन और पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम जैसी सुविधाएं शामिल हैं। खास बात यह है कि इतनी सुविधाओं के बावजूद यात्रियों को अतिरिक्त किराया नहीं देना होगा।




