भोपाल में अयोध्या बायपास के चौड़ीकरण कार्य के लिए 7,871 पेड़ों की कटाई तेजी से की जा रही है। मंगलवार को पर्यावरण प्रेमी उमाशंकर तिवारी ने पेड़ों की कट …और पढ़ें

पेड़ों की कटाई के विरोध में खुद को बेड़ियों में जकड़कर प्रदर्शन करते हुए उमाशंकर तिवारी। नईदुनिया।
HighLights
- अयोध्या बायपास चौड़ीकरण के लिए 7,871 पेड़ों की कटाई शुरू
- पर्यावरण प्रेमी ने खुद को बेड़ियों में जकड़कर किया विरोध
- 28 मई को रत्नागिरी चौराहे पर पेड़ों को दी जाएगी प्रतीकात्मक श्रद्धांजलि
भोपाल। राजधानी भोपाल के अयोध्या बायपास चौड़ीकरण परियोजना के तहत हजारों पेड़ों की कटाई का मामला अब गरमाता जा रहा है। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) से हरी झंडी मिलने के बाद प्रशासन द्वारा 7,871 पेड़ों को तेजी से काटा जा रहा है।
इस फैसले और पर्यावरण को हो रहे नुकसान के खिलाफ मंगलवार को पर्यावरण प्रेमी उमाशंकर तिवारी ने बेहद अनोखे और मर्मस्पर्शी अंदाज में अपना विरोध दर्ज कराया। वे खुद को लोहे की भारी बेड़ियों से जकड़कर सीधे उस जगह पहुंचे जहां पेड़ काटे जा रहे थे।
बेड़ियों में जकड़े उमाशंकर तिवारी ने कहा , “पिछले एक साल से हम इन पेड़ों को बचाने की लड़ाई लड़ रहे थे। आज जनता अपनी सांसों को बचाने के लिए संघर्ष कर रही है, लेकिन व्यवस्था के आगे अब हमारे हाथ सचमुच बंध चुके हैं।”
फ्लाईओवर बन सकता था, लेकिन पेड़ों की बलि देना आसान समझा!
प्रदर्शन के दौरान पर्यावरण प्रेमियों ने विकास के इस मॉडल पर गंभीर सवाल उठाए। उनका आरोप है कि सड़क चौड़ीकरण के लिए प्रशासन के पास दूसरे वैकल्पिक रास्ते भी मौजूद थे।
पेड़ों को काटे बिना फ्लाईओवर का निर्माण किया जा सकता था या हाईवे के अन्य हिस्सों का विस्तार कर हरियाली को बचाया जा सकता था, लेकिन जिम्मेदार विभागों ने सबसे आसान रास्ता चुनते हुए हजारों पेड़ों की बलि दे दी।
तिवारी ने सुप्रीम कोर्ट के पुराने फैसलों का हवाला देते हुए कहा कि पेड़ सिर्फ हरियाली नहीं बल्कि इंसानी जीवन का आधार हैं। अदालत भी मान चुकी है कि अंधाधुंध पेड़ों की कटाई मानव जीवन पर सीधा हमला है, इसके बावजूद भोपाल की लाइफलाइन माने जाने वाले इन पेड़ों को जमींदोज किया जा रहा है।
28 मई को रत्नागिरी चौराहे पर जुटेंगे पर्यावरण प्रेमी
इस कटाई के विरोध और पर्यावरण के प्रति चेतना जगाने के लिए अब शहर के प्रबुद्ध नागरिक और पर्यावरणविद एकजुट हो रहे हैं।
उमाशंकर तिवारी ने बताया कि आगामी 28 मई को शाम 5:00 बजे भोपाल के रत्नागिरी चौराहे पर काटे गए पेड़ों को प्रतीकात्मक श्रद्धांजलि दी जाएगी। इस आयोजन में शहर के कई सामाजिक संगठनों और आम लोगों के जुटने की संभावना है।




