भोपाल। इंद्रपुरी बी सेक्टर स्थित लेबर कॉलोनी झुग्गी बस्ती में शनिवार को जिला प्रशासन ने सड़क चौड़ीकरण के लिए अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को अंजाम दिया। सुबह छह बजे से शुरू हुई कार्रवाई रात साढ़े सात बजे तक चली और बुलडोजरों ने 59 झुग्गियां तथा 70 अवैध दुकानों को जमींदोज कर दिया।
कार्रवाई के दौरान सड़क निर्माण की जद में आ रही एक मस्जिद के लगभग 80 प्रतिशत हिस्से को भी ढहा दिया गया, जबकि मंशापूर्ण हनुमान मंदिर परिसर में बना चबूतरा और टीन शेड हटाया गया। प्रशासन का कहना है कि मंदिर के शेड को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा। धार्मिक स्थलों को हटाने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों को समझाइश देनी पड़ी।
दरअसल, ग्लोबल स्किल पार्क के सामने स्थित इस क्षेत्र में पीडब्ल्यूडी की प्रस्तावित फोरलेन सड़क और ब्रिज निर्माण किया जाना है। लेबर कॉलोनी के दोनों ओर सड़क चौड़ी है, लेकिन बीच में झुग्गी बस्ती के चलते सिंगल लेन की सड़क है।
इसके चौड़ीकरण के लिए लंबे समय से अतिक्रमण बाधा बना हुआ था। इसी कारण प्रशासन ने एसडीएम गोविंदपुरा भुवन गुप्ता के नेतृत्व में तहसीलदार सौरभ वर्मा, राजस्व अमले, नगर निगम और भारी पुलिस बल की मौजूदगी में संयुक्त अभियान चलाया। कार्रवाई के दौरान पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में लेकर एक-एक कर सभी अवैध निर्माणों को हटाया गया।
लोगों ने पहले ही निकाल लिया था सामान
नगर निगम के अमले ने सुबह छह बजे से ही कार्रवाई शुरू कर दी थी। कई लोगों ने तो पहले ही अपने घरों से सामान निकाल लिया था, जबकि अन्य लोगों का सामान नगर निगम और जिला प्रशासन के अमले ने बाहर निकालकर मकानों को तोड़ने की कार्रवाई की। इस दौरान कई रहवासियों ने विरोध भी जताया। लोगों ने अपने घरों से सामान बाहर निकालकर सड़क के दूसरे किनारे पर और खुले में रख लिया था। मौके पर भारी संख्या में लोग जमे हुए थे।
रहवासियों का कहना है कि प्रशासन ने जो जमीन दिखाई है वह काफी दूर है और कुछ समय बाद प्रशासन वहां आकर भी किसी विकास कार्य के नाम पर हटा देगा। यह कार्रवाई शाम 7:30 बजे तक चलती रही, जिसमें 59 झुग्गियां, 70 दुकानों को तोड़ दिया। हालांकि प्रशासन ने दावा किया कि प्रभावित लोगों के पुनर्वास के लिए नगर निगम की हाउसिंग फॉर ऑल शाखा के माध्यम से आवास उपलब्ध कराए जाएंगे।
43 हजार वर्गफीट शासकीय भूमि को कराया कब्जामुक्त
प्रशासन के अनुसार, करीब 210 मीटर लंबाई में सड़क के दोनों ओर फैले अतिक्रमण को हटाकर लगभग चार हजार वर्गमीटर यानी करीब 43 हजार वर्गफीट शासकीय भूमि को कब्जामुक्त कराया गया है। गाइडलाइन के अनुसार, इस भूमि की कीमत लगभग 10 करोड़ रुपये है, जबकि बाजार मूल्य करीब 40 करोड़ रुपये आंका गया है। अधिकारियों का कहना है कि कब्जा हटने के बाद अब यहां फोरलेन सड़क और ब्रिज निर्माण का काम तेजी से शुरू किया जाएगा।
वर्जन
सड़क निर्माण के चौड़ीकरण के लिए हमने मकान और दुकानों को गिराने की कार्रवाई की है। झुग्गियों और दुकानों के अलावा दो धार्मिक स्थलों का भी कुछ हिस्सा गिराया गया है। रहवासियों के विस्थापन के लिए नगर निगम हाउसिंग फॉर ऑल शाखा द्वारा आवास उपलब्ध कराए जाएंगे। – भुवन गुप्ता, एसडीएम, गोविंदपुरा




