राजधानी में घरेलू गैस सिलिंडरों के लिए उपभोक्ता परेशान हो रहे हैं और बुकिंग के बाद भी सिलिंडर नहीं मिलने पर एजेंसियों व गोदाम के चक्कर लगाने को मजबूर …और पढ़ें

भोपाल गैस सिलिंडर फर्जीवाड़ा। (AI से जेनरेट किया गया इमेज)
HighLights
- भोपाल गैस सिलिंडर फर्जीवाड़ा
- बिना OTP के 300 सिलिंडर गायब
- कतार में खड़े 17 हजार उपभोक्ता
भोपाल। राजधानी में घरेलू गैस सिलिंडरों के लिए उपभोक्ता परेशान हो रहे हैं और बुकिंग के बाद भी सिलिंडर नहीं मिलने पर एजेंसियों व गोदाम के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। एक तरफ जहां जेके रोड स्थित मिनाल रेसीडेंसी की फिनिक्स एचपी गैस एजेंसी से 300 सिलिंडर बिना ओटीपी के आपूर्ति कर दिए गए हैं, तो वहीं शहर में अब भी 17 हजार उपभोक्ता सिलिंडर के लिए कतार में लगे हुए हैं।
यह गैस एजेंसी पूर्व सहायक आपूर्ति अधिकारी बीपी शर्मा की बताई जा रही है, जिसके खिलाफ खाद्य विभाग की टीम ने जांच शुरू कर दी है। टीम ने शनिवार को उपभोक्ताओं से पूछताछ कर बयान दर्ज किए हैं।
जिले में सिलिंडर आपूर्ति का गणित
जानकारी के अनुसार जिले में एलपीजी गैस सिलिंडर के साढ़े पांच लाख उपभोक्ता हैं, जिनको सिलिंडर आपूर्ति करवाने के लिए भारत, एचपी, इंडेन की 40 गैस एजेंसियां संचालित हो रही हैं। इन सभी एजेंसियों द्वारा प्रतिदिन करीब 10 से 12 हजार बुकिंग के बदले में सात से आठ हजार सिलिंडरों की आपूर्ति की जा रही है। इसके बाद भी हालात यह हैं कि 17 हजार उपभोक्ताओं को अब भी सिलिंडर नहीं मिल सके हैं, इस वजह से वे एजेंसी व गोदाम के चक्कर लगा रहे हैं।
अवैध रूप से खपाए जा रहे सिलिंडर
इसी बीच एजेंसियों पर सिलिंडरों को लेकर फर्जीवाड़ा उजागर हो रहा है, जिससे स्पष्ट है कि उपभोक्ताओं के सिलिंडर अवैध रूप से दुकानों, होटलों, नाश्ता घरों, भोजनालयों में खपाए जा रहे हैं। यही कारण है कि लोगों को बुकिंग के बाद भी घर पर आपूर्ति नहीं हो पा रही है, जबकि उपभोक्ताओं के मोबाइल पर बुकिंग से लेकर आपूर्ति तक के मैसेज प्राप्त हो रहे हैं।
उपभोक्ताओं ने बताया: बुकिंग के बाद नहीं मिला सिलिंडर
खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि फिनिक्स एचपी गैस एजेंसी पर 684 सिलिंडरों से भरे ट्रक आठ व नौ अप्रैल को भेजे गए थे। इनमें से करीब 300 सिलिंडर बिना ओटीपी के आपूर्ति कर दिए गए थे। इस वजह से एचपी कंपनी ने एजेंसी को नये सिलिंडर नहीं दिए हैं और पुराने सिलिंडरों का रिकॉर्ड मांगा है। जब एजेंसी संचालक रिकॉर्ड नहीं दे पाया तो खाद्य विभाग की टीम ने जांच शुरू कर दी है।
टीम ने शनिवार को आठ से 10 उपभोक्ताओं से पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि बुकिंग के बाद सिलिंडर नहीं मिला है, जबकि उनके नाम का सिलिंडर आपूर्ति कर दिया गया था। जल्द ही मामले की जांच पूरी कर विभाग को सौंपी जाएगी, जिससे एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके।
अधिकारियों का पक्ष
जिले में एजेंसियों पर गैस सिलिंडरों की आपूर्ति में गड़बड़ी की शिकायतें मिली हैं। जिनके आधार पर फिनिक्स सहित अन्य एजेंसियों की जांच करवाई जा रही है, जो भी तथ्य सामने आएंगे उनके आधार पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। – चंद्रभान सिंह जादौन, जिला आपूर्ति नियंत्रक




