गुरुवार शाम को एक युवक ने अचानक बड़े तालाब के गहरे पानी में छलांग लगा दी। जिसे गोताखोर और पुलिस की तत्परता से बचा लिया गया है। …और पढ़ें
HighLights
- रानी कमलापति ब्रिज की घटना, नारियल पानी बेचने को लेकर हुए विवाद के बाद उठाया आत्मघाती कदम
- जांबाज गोताखोर सूचना मिलते ही पानी में कूदे; डूबते हुए युवक को सुरक्षित तट पर लाकर दिया सीपीआर
- डायल 112 की टीम ने तुरंत पहुंचाया अस्पताल; नशे की हालत में था युवक, टला बड़ा हादसा
भोपाल। राजधानी भोपाल के तलैया थाना क्षेत्र अंतर्गत आने वाले वीआईपी रोड स्थित रानी कमलापति ब्रिज पर गुरुवार शाम को उस समय सनसनी फैल गई, जब एक युवक ने अचानक बड़े तालाब के गहरे पानी में छलांग लगा दी।
हालांकि, मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों, नगर निगम के गोताखोर और डायल 112 की टीम की सजगता व त्वरित सूझबूझ के चलते एक बड़ा हादसा टल गया और युवक को सकुशल बचा लिया गया।
नारियल बेचने को लेकर हुआ था विवाद
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, बड़े तालाब में कूदने वाले युवक की पहचान अर्जुन के रूप में हुई है। अर्जुन कमला पार्क स्थित हनुमान मंदिर के पास सड़क किनारे नारियल पानी का ठेला लगाता है। बताया जा रहा है कि गुरुवार दोपहर में नारियल बेचने की किसी बात को लेकर उसका किसी से विवाद हो गया था। इसी मानसिक तनाव और विवाद के बाद उसने शाम करीब 4 बजे रानी कमलापति ब्रिज से तालाब में छलांग लगा दी।
देवदूत बने गोताखोर की सूझबूझ से बची जान
युवक को तालाब में कूदता देख वहां मौजूद राहगीरों ने तुरंत शोर मचाया और पुलिस व निगम की रेस्क्यू टीम को सूचित किया। सूचना मिलते ही नगर निगम के जांबाज गोताखोर शेख आसिफ तुरंत मौके पर पहुंचा। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बिना एक पल गंवाए गहरे पानी में छलांग लगा दी।
आसिफ ने तेजी से तैरते हुए डूब रहे अर्जुन को पानी के ऊपर संभाला और उसे सुरक्षित खींचकर बाहर लेकर आए। पानी में दम घुटने के कारण युवक अचेत हो रहा था, जिसे देखते हुए गोताखोर आसिफ ने तुरंत उसे प्राथमिक चिकित्सा के रूप में सीपीआर दिया, जिससे उसकी सांसें वापस लौट आईं।
डायल 112 की तत्परता, हमीदिया में कराया भर्ती
घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 की फर्स्ट रिस्पॉन्स व्हीकल भी मौके पर पहुंच गई थी। टीम में शामिल प्रधान आरक्षक नरेश शर्मा, आरक्षक मजीद खान और पायलट सुंदर लाल वर्मा ने बिना वक्त गंवाए अचेत अर्जुन को गाड़ी में लिटाया और तुरंत उपचार के लिए हमीदिया अस्पताल रवाना हुए।
नशे की हालत में था युवक
तलैया पुलिस के मुताबिक, प्रारंभिक जांच और अस्पताल में डॉक्टरों के परीक्षण में सामने आया है कि युवक वारदात के समय नशे की हालत में था। हमीदिया अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद जब उसकी स्थिति पूरी तरह सामान्य और खतरे से बाहर हो गई, तो डॉक्टर की अनुमति के बाद परिजन उसे सुरक्षित अपने घर ले गए।
पुलिस का कहना है कि युवक के पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद ही उसका आधिकारिक बयान दर्ज किया जाएगा, जिसके बाद विवाद की असली वजह साफ हो सकेगी।




